जोमैटो और स्विगी को जीएसटी अधिकारियों ने नोटिस भेजा है, दोनों कंपनियों को डिलीवरी चार्ज पर 500 करोड़ रुपये के जीएसटी नोटिस मिले

ऑनलाइन फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म जोमैटो और स्विगी को जीएसटी अधिकारियों ने नोटिस भेजा है। इन दोनों कंपनियों को डिलीवरी चार्ज पर 500 करोड़ रुपये के जीएसटी नोटिस मिले हैं। हालांकि, जोमैटो और स्विगी की ओर से आधिकारिक तौर पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी गई है।

क्या है मामला: दरअसल, स्विगी और जोमैटो ग्राहकों से डिलीवरी फीस के नाम पर कुछ पैसे वसूलते हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक टैक्स अधिकारियों और फूड डिलीवरी ऐप्स के बीच डिलीवरी फीस को लेकर अक्सर विवाद होता रहता है, जिसमें करीब 1000 करोड़ रुपये का विवाद होता है। जोमैटो और स्विगी के अनुसार, ‘डिलीवरी चार्ज’ कुछ और नहीं बल्कि डिलीवरी पार्टनर्स द्वारा वहन की जाने वाली लागत है। ये पार्टनर्स घर-घर खाना पहुंचाने जाते हैं। कंपनियों का दावा है कि ग्राहकों से लागत वसूलकर डिलीवरी पार्टनर्स को दे दे दिया जाता है लेकिन टैक्स अधिकारी इससे सहमत नहीं हैं।

पिछले महीने, स्विगी ने खाने के ऑर्डर के लिए प्लेटफॉर्म चार्ज दो रुपये से बढ़ाकर तीन रुपये कर दिया था। इसी तरह, जोमैटो ने अगस्त में अपना प्लेटफॉर्म शुल्क भी शुरुआती दो रुपये से बढ़ाकर तीन रुपये प्रति ऑर्डर कर दिया। इसके अलावा जोमैटो ने गोल्ड यूजरों से प्लेटफॉर्म शुल्क लेना शुरू कर दिया, जिन्हें पहले छूट दी गई थी।

शेयर में गिरावट: इस खबर के बीच बुधवार को जोमैटो के शेयर में गिरावट देखने को मिली। यह शेयर 115.25 रुपये पर बंद हुआ। एक दिन पहले के मुकाबले शेयर 1.07% गिरकर बंद हुआ। बता दें कि स्विगी शेयर बाजार में लिस्टेड नहीं है। हालांकि, कंपनी आईपीओ लॉन्च करने की योजना बना रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *