2019 में कुछ समय के लिए रानू मंडल उम्मीद की एक मिसाल बन गईं, इस बात का सबूत कि असली टैलेंट कहीं भी मिल सकता है, यहाँ तक कि रेलवे प्लेटफॉर्म पर भी. लता मंगेशकर का गाना ”एक प्यार का नगमा है” गाते हुए उनका एक वीडियो ऑनलाइन आग की तरह फैल गया, जिससे राणाघाट की एक अनजान सिंगर रातों-रात नेशनल सेंसेशन बन गईं. उनकी गरीबी से अमीरी तक की कहानी ने पूरे देश को दीवाना बना दिया, और उनके फैंस उन्हें “माँ सरस्वती की आवाज़” कहने लगे. इस वायरल पल ने जल्द ही बॉलीवुड के दरवाज़े खोल दिए, और म्यूज़िक कंपोज़र हिमेश रेशमिया ने उन्हें अपनी फिल्म ”हैप्पी हार्डी एंड हीर” में एक गाना ऑफर किया.लेकिन जितनी तेज़ी से उन्हें शोहरत मिली, उतनी ही तेज़ी से वह खत्म भी हो गई. सालों बाद, कई लोग सोच रहे हैं: रातों-रात मशहूर हुई उस सिंगर का क्या हुआ, और अब रानू मंडल कहाँ हैं?
अचानक मिली शोहरत से शांत ज़िंदगी की ओर
रिपोर्ट्स के मुताबिक, वायरल सफलता के बाद मिली शोहरत के बावजूद, रानू इंडस्ट्री में अपनी जगह बनाए रखने के लिए संघर्ष कर रही थीं. वह टेलीविज़न रियलिटी शो में नज़र आईं, मुंबई के म्यूज़िक सर्किट से उन्हें ऑफर मिले और कुछ समय के लिए वह सोशल मीडिया पर भी छाई रहीं. हालांकि, यह सिलसिला ज़्यादा समय तक नहीं चला. कुछ ही महीनों में, वह लोगों की नज़रों से दूर हो गईं और कोलकाता के पास अपने होमटाउन लौट आईं, और उसी सादी ज़िंदगी में वापस आ गईं जो वह पहले जीती थीं.
मुश्किलों में घिरा घर
हाल ही में यूट्यूबर निशु तिवारी के दौरे से रानू मंडल की आज की ज़िंदगी की एक झलक मिली और यह तस्वीर काफी खराब थी. वीडियो में उनका घर बहुत खराब हालत में दिखा, फर्श पर कचरा फैला हुआ था, दीवारें टूटी हुई थीं और कोनों में कीड़े-मकोड़े दिख रहे थे. उन्हें प्लास्टिक की चादर पर खाना खाते देखा गया और बताया जाता है कि वह खाने और रोज़मर्रा की ज़रूरतों के लिए पड़ोसियों पर निर्भर हैं.जब निशु उनके लिए खाने का सामान लाए, तो रानू बहुत खुश दिखीं. उन्होंने बताया कि उनके पास सामान रखने के लिए कोई बर्तन नहीं था, इसलिए वे ऐसे ही फैले हुए थे.
‘मुंबई में इंग्लिश सीखी’
वीडियो में एक अप्रत्याशित पल ने दर्शकों का ध्यान खींचा जब रानू ने कई सवालों के जवाब इंग्लिश में दिए. इस बारे में पूछे जाने पर, उन्होंने बताया, “मैंने मुंबई में इंग्लिश सीखी”. फुटेज में उनके घर के अंदर कचरे और पुराने सामान का ढेर भी दिखा, जो उनकी मौजूदा हालत और वायरल फेम की पल भर की चमक के बीच बड़े अंतर को दिखाता है.
बंद दरवाजों के पीछे का संघर्ष
रानू मंडल के करीबी लोगों ने दावा किया है कि पिछले कुछ सालों में उनकी मानसिक सेहत खराब हुई है. उनके मुताबिक, वह अक्सर अजीब व्यवहार करती हैं, जिसमें अचानक हंसना और बेचैन होना शामिल है. आर्थिक रूप से वह अपनी
रोज़मर्रा की ज़रूरतों को पूरा करने के लिए दूसरों पर निर्भर हैं.
रेलवे स्टेशन पर गाने से लेकर बॉलीवुड स्टूडियो में रिकॉर्डिंग तक का उनका सफ़र किसी चमत्कार से कम नहीं था. फिर भी, इसके बाद जो गिरावट आई, वह उतनी ही दिल तोड़ने वाली थी, जिसने एक समय की मशहूर जादुई आवाज़ को इस बात की याद दिला दिया कि वायरल फेम कितना कमज़ोर हो सकता है.
