मुंगेली। जिले के फास्टरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम ठाकुरकापा में लगातार हो रही चोरी की घटनाओं ने ग्रामीणों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। महज चार महीने के भीतर एक ही परिवार के घर में दूसरी बार चोरी की वारदात से पूरे गांव में दहशत का माहौल है। पहली घटना में करीब 2.25 लाख रुपये के जेवर और नगदी चोरी हो गई थी, जबकि दूसरी घटना में आधी रात घर में घुसे बदमाश ने सो रही बुजुर्ग महिला के कान से सोने का आभूषण नोच लिया, जिससे उनका कान फट गया और वह गंभीर रूप से घायल हो गईं।
पीड़ित परिवार के सदस्य शिव भास्कर ने मामले की शिकायत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से की है और आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी, चोरी किए गए सामान की बरामदगी और सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि पहली चोरी के बाद भी फ़ास्टरपुर पुलिस आरोपियों तक नहीं पहुंच सकी, जिसका नतीजा यह हुआ कि बदमाशों ने उसी घर को दोबारा निशाना बना लिया।

पहली चोरी में 2.25 लाख के जेवर और नगदी पर किया था हाथ साफ
शिकायत के मुताबिक 12 मार्च 2026 की रात परिवार भोजन करने के बाद सो गया था। अगली सुबह जब घर के कोठार की ओर गए तो ताला टूटा मिला और सामान बिखरा पड़ा था। घर के भीतर रखी लकड़ी की पेटी गायब थी, जिसमें नगदी, जमीन संबंधी दस्तावेज, बैंक पासबुक, आधार कार्ड सहित अन्य महत्वपूर्ण कागजात रखे थे। अज्ञात चोर रात करीब 1 से 3 बजे के बीच घर में घुसकर सोने-चांदी के आभूषण और एक लाख रुपये नगद चोरी कर ले गए। चोरी किए गए सामान में सोने का लॉकेट वाला हार, फुल्ली, चांदी की पायल, क्लिप, बिछिया, सकरी सहित लगभग 1.25 लाख रुपये के जेवर और 1 लाख रुपये नगद शामिल थे। कुल मिलाकर करीब 2.25 लाख रुपये की चोरी हुई थी।
दूसरी बार आधी रात घर में घुसा चोर, मां के कान से ले गया आभूषण
पहली घटना के चार महीने बाद 9 जुलाई की आधी रात चोरों ने फिर उसी घर को निशाना बनाया। शिकायत के अनुसार उस समय घर में हरिप्रसाद और उनकी पत्नी जानकी बाई सो रहे थे। इसी दौरान बदमाश घर के पीछे से छत के रास्ते अंदर घुसा और सो रही जानकी बाई के कान से सोने का आभूषण खींचकर भागने लगा। आभूषण खींचते ही दर्द से उनकी नींद खुल गई और उन्होंने जोर-जोर से आवाज लगाई। शोर सुनकर परिवार के अन्य सदस्य जाग गए, लेकिन तब तक आरोपी मौके से फरार हो चुका था। घटना में महिला का कान फट गया और काफी खून बहा। परिजनों का कहना है कि यदि समय पर उनकी नींद नहीं खुलती तो कोई बड़ी अनहोनी भी हो सकती थी।
लगातार चोरी की घटना से ग्रामीणों में दहशत
लगातार दो बड़ी घटनाओं के बाद ठाकुरकापा सहित आसपास के ग्रामीणों में भय का माहौल है। लोगों का कहना है कि पहली चोरी के बाद यदि फ़ास्टरपुर पुलिस प्रभावी कार्रवाई करती और आरोपियों तक पहुंच जाती तो दूसरी घटना को रोका जा सकता था। पीड़ित परिवार का कहना है कि अब चोर केवल संपत्ति ही नहीं, बल्कि लोगों की जान के लिए भी खतरा बन चुके हैं। यदि जल्द गिरफ्तारी नहीं हुई तो भविष्य में हत्या या गंभीर हमले जैसी घटनाएं भी हो सकती हैं।

एसएसपी बोले – एफआईआर दर्ज, विशेष जांच दल का गठन
इस पूरे मामले पर मुंगेली एसएसपी भोजराम पटेल ने कहा कि उक्त चोरी की घटना पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नवनीत कौर छाबड़ा के (ASP) के नेतृत्व में विशेष जांच दल का गठन किया गया है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कांग्रेस नेता संजीत बनर्जी ने पुलिस की कार्यशैली पर उठाए सवाल
इधर कांग्रेस नेता संजीत बनर्जी ने इस पूरे मामले को फास्टरपुर पुलिस की बड़ी विफलता बताते हुए कहा कि “चार महीने के भीतर एक ही घर में दो बार चोरी होना यह दर्शाता है कि फास्टरपुर पुलिस चोरी के मामलों को लेकर कितनी गंभीर है। पहली घटना के आरोपियों को आज तक नहीं पकड़ पाई और इसी बीच दूसरी वारदात हो गई। यह पुलिस की कार्यशैली पर बड़ा सवाल है। यदि पहली घटना का खुलासा समय पर हो जाता तो दूसरी घटना शायद नहीं होती। ऐसे में संबंधित थाना प्रभारी को वहां से हटाया जाना चाहिए, क्योंकि उनसे थाना नहीं संभल रहा है।
संजीत बनर्जी ने आरोप लगाया कि फास्टरपुर क्षेत्र में दो स्थानों पर खुलेआम अवैध शराब की दुकानें संचालित हो रही हैं, जहां से प्रत्येक दुकान से हर महीने 20-20 हजार रुपये फ़ास्टरपुर थाना पहुंचता है। उन्होंने कहा कि जब पुलिस अपराध और अवैध कारोबार पर कार्रवाई करने के बजाय ऐसे मामलों में संलिप्त रहेगी तो अपराधियों के हौसले बढ़ना स्वाभाविक है। उन्होंने इन आरोपों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग भी की।
ये है पीड़ित परिवार की मांग
पीड़ित शिव भास्कर ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि मामले में केवल औपचारिक जांच तक सीमित न रहकर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की जाए, चोरी गए जेवर और नगदी बरामद कर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाया जाए। साथ ही उन्होंने यह भी आग्रह किया है कि पहली चोरी की तरह केवल फ़ास्टरपुर पुलिस ने जैसा कहा पतासाजी जारी है कहकर मामला लंबित न रखा जाए, बल्कि ठोस कार्रवाई कर अपराधियों को कानून के दायरे में लाया जाए।